विदेश

फ्लोरिडा विमान हादसा: क्रैश से 10 मिनट पहले बॉयफ्रेंड को भेजा था मैसेज, 17 साल में मिला था पायलट लाइसेंस

वाशिंगटन। संयुक्त राज्य अमेरिका के फ्लोरिडा राज्य में हाल ही में घटी एक अत्यंत भीषण विमान दुर्घटना से जुड़ी दिल दहला देने वाली बातें सामने आई हैं। इस दर्दनाक हादसे से ठीक पहले विमान में सवार बीस वर्षीय युवा महिला सह-पायलट नथालिया गडेल्हा फिल्गुएरास ने एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) से संपर्क साधकर अपनी जान बचाने के लिए लगातार मदद की गुहार लगाई थी। हादसे के बाद सामने आई रेडियो रिकॉर्डिंग से यह बात स्पष्ट हुई है कि वह विपरीत परिस्थितियों के बीच अत्यंत घबराए हुए स्वर में बार-बार 'मे डे, मे डे' पुकार रही थीं।

बर्फ जमने और विमान में झटकों के बीच आई तकनीकी आपदा

प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह छोटा लीयरजेट विमान टेक्सास के ऑस्टिन शहर से उड़ान भरकर बहामास की ओर जा रहा था, तभी दक्षिण फ्लोरिडा के आकाशीय क्षेत्र में यह भयंकर हादसे का शिकार होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उसमें भीषण आग भड़क उठी। दुर्घटना से पूर्व एटीसी के साथ हुई बातचीत के दौरान सह-पायलट फिल्गुएरास ने स्पष्ट रूप से बताया था कि विमान के बाहरी हिस्सों पर तेजी से बर्फ जम रही है, जबकि उस समय विमान के बाहर का तापमान गिरकर माइनस 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच चुका था। उन्होंने विमान के भीतर मध्यम से लेकर तीव्र श्रेणी के झटके महसूस होने की जानकारी दी थी, जिनके कारण विमान अनियंत्रित होकर लगभग सात सौ फीट तक ऊपर और नीचे डोल रहा था। कुछ ही पलों के अंतराल पर उन्होंने दहशत भरे स्वर में चिल्लाते हुए कहा कि विमान दस हजार फीट प्रति मिनट की रफ्तार से नीचे की तरफ जा रहा है, और बाद में यह भी बताया कि वे ओवरस्पीड की स्थिति में हैं तथा प्रति मिनट सत्ताईस हजार फीट की रिकॉर्ड गति से जमीन की ओर गिर रहे हैं।

कम उम्र में असाधारण उपलब्धि हासिल करने वाली युवा पायलट

दुर्घटना का शिकार हुईं बीस वर्षीय नथालिया गडेल्हा फिल्गुएरास नेशोभा और कड़ी मेहनत के दम पर वर्ष 2023 में ही पायलट का आधिकारिक लाइसेंस प्राप्त कर लिया था। ब्राजीलियाई मूल के परिवार से ताल्लुक रखने वाली नथालिया जब सत्रह वर्ष की थीं और वेस्ट बोका रैटन कम्युनिटी हाई स्कूल में सीनियर की छात्रा थीं, तभी उन्होंने यह बड़ी सफलता हासिल की थी। उनके लाइसेंस प्राप्त करने की यह घटना खासी चर्चा में रही थी क्योंकि उन्होंने विधिवत ड्राइविंग लाइसेंस मिलने से पहले ही निजी विमान उड़ाने का आधिकारिक कौशल हासिल कर लिया था। उनकी माता के अनुसार, वह पिछले नौ महीनों से कमर्शियल पायलट के रूप में अपनी सेवाएं दे रही थीं। सौतेले पिता के अनुसार, उनके पास विमान उड़ाने का तेरह सौ घंटे का लंबा अनुभव था और हादसे से मात्र दस मिनट पूर्व ही उन्होंने अपने बॉयफ्रेंड को संदेश भेजकर विमान में भयंकर झटके लगने और बर्फ जमने की स्थिति से अवगत कराया था।

किशोरावस्था में शुरू हुई थी उड़ान की शौकिया ट्रेनिंग

नथालिया ने किशोरावस्था के दौरान ही वर्ष 2020 में स्कूल में पढ़ाई के साथ-साथ विमानन क्षेत्र में अपनी विधिवत ट्रेनिंग की शुरुआत की थी। उनके पिता ने स्वयं वर्ष 2018 में शौक के तौर पर विमान चलाना सीखा था, जिनसे नथालिया को भी प्रेरणा मिली थी। पाम बीच काउंटी स्कूल डिस्ट्रिक्ट की विशेष विमानन अकादमी के माध्यम से उनकी इस उड़ान प्रशिक्षण का वित्तीय सहयोग किया गया था, जहाँ छात्रों को सिम्युलेटर और ड्रोन के जरिए आधुनिक उड़ानों का अभ्यास कराया जाता है। इस दुर्घटना के बाद विमानन जगत में शोक की लहर दौड़ गई है और जांच एजेंसियां हादसे के वास्तविक कारणों की तह तक पहुँचने के लिए ब्लैक बॉक्स व फ्लाइट डेटा की गहराई से समीक्षा कर रही हैं।

Related Articles

Back to top button