वीवीएस लक्ष्मण ने बताया 2023 का वो फैसला, क्यों नहीं स्वीकारा टीम इंडिया के कोच का पद

भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व दिग्गज बल्लेबाज और वर्तमान में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) के प्रमुख वीवीएस लक्ष्मण ने अपने करियर से जुड़ा एक बड़ा और चौंकाने वाला खुलासा किया है। लक्ष्मण ने एक बातचीत के दौरान बताया कि वह साल 2023 में ही भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम के मुख्य कोच बनने वाले थे, लेकिन कुछ व्यक्तिगत कारणों की वजह से उन्होंने इस जिम्मेदारी को संभालने से इनकार कर दिया था। इसके बाद राहुल द्रविड़ का कार्यकाल आगे बढ़ाया गया, जिनके मार्गदर्शन में भारत ने 2024 का टी20 विश्व कप भी अपने नाम किया।
2023 में क्यों नहीं बन पाए थे मुख्य कोच?
बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए लक्ष्मण ने बताया कि 2023 के वनडे विश्व कप के तुरंत बाद उन्हें भारतीय टीम का मुख्य कोच नियुक्त किया जाना लगभग तय था। हालांकि, निजी परिस्थितियों के चलते वह इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं कर सके।
उन्होंने बताया, "साल 2023 में मुझे टीम का मुख्य कोच बनना था, लेकिन व्यक्तिगत कारणों से मैं यह पद नहीं ले सका। मैंने तत्कालीन सचिव जय शाह से दो बार मुलाकात की थी और उन्होंने मेरी परिस्थितियों को पूरी तरह समझा।" उनके इस फैसले के बाद राहुल द्रविड़ का कार्यकाल बढ़ाया गया था।
इसके अलावा, साल 2024 में जब राहुल द्रविड़ का कार्यकाल समाप्त होने वाला था, तब भी नए कोच की दौड़ में लक्ष्मण का नाम सबसे आगे था। हालांकि, बाद में गौतम गंभीर को भारतीय टीम का मुख्य कोच बनाया गया, जबकि लक्ष्मण ने विभिन्न दौरों पर कई बार अंतरिम कोच के रूप में अपनी सेवाएं दीं।
चीफ सेलेक्टर बनने की खबरों पर क्या बोले लक्ष्मण?
हाल ही में मीडिया में ऐसी खबरें सामने आ रही थीं कि बीसीसीआई अजीत अगरकर की जगह वीवीएस लक्ष्मण को नया मुख्य चयनकर्ता (चीफ सेलेक्टर) बना सकता है। हालांकि, इन अटकलों पर विराम लगाते हुए लक्ष्मण ने साफ कर दिया कि फिलहाल उनका ऐसा कोई इरादा नहीं है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने बीसीसीआई के समक्ष अपनी प्रतिबद्धता जताई है कि वह मुख्य कोच या चयन समिति की जिम्मेदारी नहीं संभालेंगे। अपने भविष्य की योजनाओं पर बात करते हुए उन्होंने बताया कि उन्होंने बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) में अपना कार्यकाल दो साल के लिए और बढ़ा लिया है।
लक्ष्मण ने कहा कि बीसीसीआई के पूर्व सचिव जय शाह और मौजूदा सचिव देवजीत सैकिया ने उन्हें अपने विजन के अनुसार काम करने की पूरी आजादी दी है। उनका आगामी दो वर्षों का मुख्य लक्ष्य सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की संरचना, कार्यप्रणालियों और विभिन्न विभागों के प्रोटोकॉल को पूरी तरह मजबूत व व्यवस्थित करना है, ताकि देश को भविष्य के लिए विश्वस्तरीय क्रिकेटर्स मिल सकें।



